टेलीग्राम ग्रुपों के माध्यम से यू ट्यूब / इंस्टाग्राम वीडियो को लाईक एवं सब्स्क्राईब का टास्क देकर ठगी करने वाले 02 विदेशी नागरिकों को उत्तराखंड एस.टी.एफ ने दिल्ली से किया गिरफ्तार।

टेलीग्राम ग्रुपों के माध्यम से सिग्नल एप का यूज कर विभिन्न यू ट्यूब / इंस्टाग्राम वीडियो को लाईक एवं सब्स्क्राईब का टास्क देकर ठगी करने वाले गिरोह के 02 विदेशी नागरिकों को एस.टी.एफ उत्तराखण्ड पुलिस ने दिल्ली से गिरफ्तार करने में सफलता प्राप्त की गयी । आरोपियों द्वारा पूछताछ में बताया कि साईबर ठगी हेतु हौंककौंग, वियतनाम एवं चाईना में 500 से ज्यादा फर्जी सिम भेजे गये। जिनका देशभर में हो रहे तमाम चीनी घोटालों में प्रयोग करना बताया गया।

Uttarakhand” यूट्यूब वीडियो लाइक और सब्सक्राइब कर पैसों का लॉलीपॉप देकर लाखों की ठगी, STF ने किया भूटानी नागरिक और तिब्बती नागरिक (संदिग्ध चाईनीज) को गिरफ्तार; बिछा रखा था ठगी का मायाजाल।
यह खबर भी पढ़िये।????????????????
https:/archives/13041
STF लगातार साइबर अपराधियों को हलावात की हवा खिला रही है, आपको बता दें की एसटीएफ लगातार ताबड़तोड़ कार्यवाई कर रही है, बता दें की एक और बड़ी ठगी का खुलासा किया है, जिसमे एसटीएफ ने भूटानी नागरिक और तिब्बती नागरिक (संदिग्ध चाईनीज) को दिल्ली से गिरफ्तार किया है।
यह खबर भी पढ़िये।????????????????
https:/archives/13511
एसटीएफ और साइबर क्राइम पुलिस ने यूट्यूब वीडियो लाइक और सब्सक्राइब कर जल्दी पैसे कमाने का लालच देकर ठगी करने वाले गिरोह के भूटानी नागरिक और तिब्बती नागरिक (संदिग्ध चाईनीज) को दिल्ली से गिरफ्तार किया है. गिरफ्तार आरोपियों ने हॉंगकॉंग,वियतनाम और चाइना में 500 से ज्यादा फर्जी सिम भेजे थे. जिन्हें देशभर में हो रहे तमाम चीनी घोटालों में प्रयोग किया जा रहा है. गिरफ्तार आरोपी साइबर ठगों को फर्जी सिम कार्ड देने का काम करते थे. आरोपियों द्वारा जो भी सिम कार्ड भेजे गए हैं उनकी जांच की जा रही है।
यह खबर भी पढ़िये।????????????????
https:/archives/13351
साइबर क्राइम पुलिस स्टेशन को शिकायत मिली की साइबर ठग ने मोबाइल नंबर से पीड़ित को मैसेज किया. खुद को फोनकर्ता ने Rankon Technologies (India) से बताकर टेलीग्राम ग्रुप में जोड़कर लिंक भेजकर यूट्यूब और इंस्टाग्राम पर फॉलो व सबस्क्राइब करने आदि सम्बन्धी टास्क देकर लाभ कमाने के लिए कहा. पीड़ित फोनकर्ता के झांसे में आ गया. जिसके बाद अलग-अलग तारीखों में अलग-अलग खातो में लेन देन के माध्यम से ऑनलाइन कुल 22,89,260 रुपये की धोखाधड़ी पीड़ित के साथ की गई. पीड़ित की तहरीर के आधार पर अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मुकदमा पंजीकृत किया गया। 
यह खबर भी पढ़िये।????????????????
https:/archives/13126
आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीम का गठन किया गया. आरोपियों ने पीड़ित को जो खाता संख्या और मोबाइल नंबर दिए थे उसकी जानकारी जुटाई गई. खाताधारक के सम्बन्ध में जानकारी मिलने के बाद एक तिब्बती नागरिक तेन्जिंग चोफेल निवासी मजनू का टीला, न्यू अरुणानगर दिल्ली और एक भूटानी नागरिक ललिता थापा को तिमारपुर दिल्ली से गिरफ्तार किया गया. आरोपियों के कब्जे से 82 सिम कार्ड बरामद किए गए हैं।। 
यह खबर भी पढ़िये।????????????????
https:/archives/13265
एसएसपी एसटीएफ आयुष अग्रवाल ने बताया आरोपियों ने नामी गिरामी कम्पनियों की फर्जी वेबसाइट बनाई थी. जिससे ये आम जनता से व्हाट्सएप, ई-मेल, मोबाइल और अन्य सोशल साईटों के माध्यम से सम्पर्क करते थे. ये खुद को अलग-अलग नामी-गिरामी कम्पनियों के एचआर और कर्मचारी बताकर ऑनलाइन टास्क कर रुपये कमाने का लालच देते थे. साथ ही लिंक भेजकर टेलीग्राम एप डाउनलोड करवाकर और अपने टेलीग्राम ग्रुप में जोड़ते थे। उसके बाद सिग्नल एप के माध्यम से अलग-अलग यू ट्यूब वीडियो लाइक और सब्स्क्राइब करने के टास्क देते थे।
यह खबर भी पढ़िये।????????????????
https:/archives/13290
उसमें निवेश कर अधिक लाभ कमाने का लालच देकर धोखाधड़ी से अलग-अलग लेन देन के माध्यम से धनराशि प्राप्त करते थे. धोखाधड़ी से प्राप्त धनराशि को अलग-अलग बैंक खातों में प्राप्त कर उसका इस्तेमाल करते थे. इस पूरी प्रक्रिया में भारत में बैठे ऐसे विदेशी मूल के नागरिकों द्वारा भारत से बाहर फर्जी सिम कार्ड भेजे जाते है जिनसे पूरे देश भर में साइबर ठगी की जा रही है।
यह खबर भी पढ़िये।????????????????
https:/archives/13321
Author: uttarakhandlive24
Harrish H Mehraa





