हरिद्वार में रिश्वतखोरी पर बड़ा एक्शन: 50 हजार लेते रंगे हाथ धरी गई आंगनबाड़ी सुपरवाइजर, प्रमोशन के नाम पर वसूली का खुलासा।
रुड़की/हरिद्वार: जिले में भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए विजिलेंस टीम ने आंगनबाड़ी सुपरवाइजर को 50 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। मामला सामने आते ही महिला एवं बाल विकास विभाग में हड़कंप मच गया है।
जानकारी के मुताबिक, रुड़की के बाल विकास अधिकारी कार्यालय (ग्रामीण द्वितीय) में तैनात सुपरवाइजर राखी सैनी पर आरोप है कि उन्होंने एक आंगनबाड़ी सहायिका से प्रमोशन कराने के नाम पर 50 हजार रुपये की मांग की थी। पीड़ित सहायिका ने इसकी शिकायत देहरादून स्थित सतर्कता विभाग से की, जिसके बाद टीम ने पूरे मामले की जांच कर जाल बिछाया।
जाल में फंसी ‘मैडम’, घूस लेते ही दबोची गईं
बुधवार (25 मार्च) को जैसे ही तय योजना के तहत सहायिका ने आरोपी सुपरवाइजर को रिश्वत की रकम सौंपी, मौके पर मौजूद विजिलेंस टीम ने तुरंत कार्रवाई करते हुए उन्हें रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। यह पूरी कार्रवाई बेहद गोपनीय तरीके से की गई थी।
‘करारी गड्डी’ बनी सबूत, खुल सकते हैं और राज
बताया जा रहा है कि रिश्वत की वही रकम आरोपी के खिलाफ सबसे बड़ा सबूत बनी। इस मामले में विकास भवन रोशनाबाद स्थित डीपीओ कार्यालय के एक अधिकारी का नाम भी सामने आ रहा है, जिसकी भूमिका की जांच जारी है। विजिलेंस अब इस पूरे नेटवर्क की कड़ियां जोड़ने में जुटी है।
भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत केस दर्ज
आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया गया है और आगे की वैधानिक कार्रवाई जारी है। इस कार्रवाई के बाद विभाग में खलबली मच गई है, वहीं अन्य कर्मचारियों में भी डर का माहौल है।
Author: uttarakhandlive24
Harrish H Mehraa




