दुखद हादसा-सड़क दुर्घटना में बाइक सवार जीजा साले की हुई मौत, ट्रैक्टर ट्राली की चपेट में आने से हुआ हादसा ,परिजनों में मचा कोहराम।

दुखद हादसा-सड़क दुर्घटना में बाइक सवार जीजा साले की हुई मौत, ट्रैक्टर ट्राली की चपेट में आने से हुआ हादसा ,परिजनों में मचा कोहराम।

खटीमा(उत्तराखंड)- सीमांत खटीमा में सोमवार की देर शाम ट्रैक्टर- ट्राली की चपेट में आने से बाइक सवार जीजा- साले की मौत की दुखद खबर सामने आई है। पुलिस ने शव कब्जे में लेकर मोर्चरी में रखवा दिया है।प्राप्त जानकारी अनुसार सोमवार की देर शाम नौगवानाथ निवासी सुरेश सिंह राणा(30) पुत्र दयाशंकर अपने जीजा पचपेड़ा निवासी सचिन सिंह राणा(48) पुत्र स्व. जय सिंह राणा के साथ बाइक से नौगवानाथ लौट रहे थे। इसी बीच आलावृद्भि बगियाघाट के पास ट्रैक्टर-ट्राली के चालक ने बाइक में टक्कर मार दी। हादसे में जीजा- साले गंभीर रूप से घायल हो गए।

यह ख़बर भी पढ़िये।????????????????

https:/archives/17538

आसपास के लोगों की सूचना पर मौके पर पहुंची आपातकालीन सेवा 108 ने घायलों को उप जिला चिकित्सालय खटीमा पहुंचाया। जहां चिकित्सकों ने दोनों घायलों को जांच उपरांत मृत घोषित कर दिया। उक्त दुखद घटना की सूचना पर मृतक के परिजनों में कोहराम मच गया। अस्पताल प्रबंधन की सूचना पर पहुंची पुलिस टीम ने शव कब्जे में लेकर मोर्चरी में रखवा दिया है। शवों का पोस्टमार्टम मंगलवार (आज)को किया जाएगा।

यह ख़बर भी पढ़िये।????????????????

https:/archives/17697

नौगवांनाथ के ग्राम प्रधान मदन सिंह ने बताया कि उनका भतीजा सुरेश विवाहित था और पेंटर का काम करता था। जबकि उनका दामाद सचिन रुद्रपुर सिडकुल में नौकरी करता था। वह अपने पीछे पत्नी ज्योति और पांच साल की पुत्री को रोता बिलखता छोड़ गए। बताया जा रहा है कि ट्रैक्टर-ट्रॉली दीया गांव से आ रही थी।पुलिस क्षेत्राधिकारी विमल रावत ने बताया कि ट्रैक्टर-ट्रॉली को सीज कर दिया है। आरोपी चालक की तलाश की जा रही है।

यह ख़बर भी पढ़िये।????????????????

https:/archives/17781

Spread the love

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

[democracy id="1"]

राजनीति: डेढ़ साल बाद देहरादून पहुंची उत्तराखंड कांग्रेस प्रभारी कुमारी सैलजा, प्रदेश कांग्रेस की नई टीम जल्द होगी तैयारी, कांग्रेस के राष्ट्रीय पर्यवेक्षक हर जिले में कार्यकर्ताओं की नब्ज टटोलेंगे, आगे की रणनीति पर चर्चा।